UP Free Scooty: 50 हजार बेटियों को मिलेगी स्कूटी

उत्तर प्रदेश सरकार ने उच्च शिक्षा में छात्राओं की भागीदारी बढ़ाने और उन्हें कॉलेज आने-जाने में सुविधा देने के उद्देश्य से रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना को मंजूरी दी है। योजना के तहत शैक्षणिक सत्र 2025-26 में स्नातक की अंतिम परीक्षा पास करने वाली शीर्ष पांच प्रतिशत मेधावी छात्राओं को स्कूटी देने का प्रावधान है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ताजा कार्यक्रम में कहा कि अगले महीने 50 हजार बेटियों को स्कूटी दी जाएगी। इससे पहले अगस्त में भी मुख्यमंत्री ने अक्टूबर-नवंबर के दौरान 50 हजार छात्राओं को स्कूटी देने की घोषणा की थी।
योजना में उत्तर प्रदेश की मूल निवासी छात्राओं को पात्रता के दायरे में रखा गया है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, सामान्य चयन मेरिट के आधार पर होगा, जबकि दिव्यांग छात्राओं, निराश्रित बालिकाओं और बलिदानी सैनिकों के परिवार की बेटियों के लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं।
स्कूटी के साथ पंजीकरण, बीमा और हेलमेट जैसी सुविधाओं का खर्च भी योजना के तहत सरकार द्वारा वहन किया जाना है। योजना का उद्देश्य छात्राओं को उच्च शिक्षा जारी रखने और शिक्षण संस्थानों तक पहुंचने में परिवहन संबंधी सुविधा उपलब्ध कराना है।
इससे पहले 3 अक्टूबर को मुख्यमंत्री ने 4,60,559 विद्यार्थियों के खातों में 148.04 करोड़ रुपये की छात्रवृत्ति एवं शुल्क प्रतिपूर्ति भी भेजी। सरकार ने इस वर्ष 70 लाख विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति देने का लक्ष्य बताया है।
रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना के तहत छात्राओं के चयन और वितरण की प्रक्रिया संबंधित उच्च शिक्षण संस्थानों तथा सरकारी स्तर पर सत्यापन के बाद आगे बढ़ाई जाएगी। इसलिए पात्र छात्राओं को अपने शैक्षणिक और निवास संबंधी दस्तावेजों की जानकारी सही रखने की सलाह दी जाती है।




