
80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से देश को संबोधित करते हुए विकसित भारत 2047 के लक्ष्य को सामने रखा। उनके भाषण में तकनीक से लेकर ऊर्जा क्षेत्र तक भारत को आत्मनिर्भर और आधुनिक बनाने की दिशा में कई महत्वपूर्ण घोषणाएं और लक्ष्य शामिल रहे।
पीएम मोदी ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी AI को भारत के भविष्य के लिए महत्वपूर्ण बताते हुए तकनीकी क्षमता बढ़ाने पर जोर दिया। उन्होंने भारत में नई तकनीकों के विकास, नवाचार और युवाओं की भागीदारी को देश की प्रगति के लिए अहम बताया।
परमाणु ऊर्जा के क्षेत्र में भी प्रधानमंत्री ने बड़ा लक्ष्य सामने रखा। उन्होंने 100 GW न्यूक्लियर पावर क्षमता की दिशा में आगे बढ़ने की बात कही। ऊर्जा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता को विकसित भारत के निर्माण के लिए महत्वपूर्ण आधार बताया गया।
प्रधानमंत्री के संबोधन में आत्मनिर्भर भारत, आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर, रोजगार, उद्योग, तकनीक और युवा शक्ति जैसे मुद्दे भी प्रमुख रहे। उन्होंने देश की विकास यात्रा को तेज करने और वैश्विक स्तर पर भारत की भूमिका मजबूत करने की जरूरत पर बल दिया।
भाषण का मुख्य फोकस 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य पर रहा। पीएम मोदी ने बड़े सपनों और बड़े संकल्पों के साथ आगे बढ़ने का आह्वान करते हुए कहा कि विकसित भारत के निर्माण में देश के हर नागरिक की भागीदारी जरूरी है।




