यूपी के सभी 75 जिलों में पहुंचेगी भारत टैक्सी, गांवों तक होगा विस्तार

उत्तर प्रदेश में ‘भारत टैक्सी’ मॉडल का दायरा बढ़ाने की तैयारी की जा रही है। फिलहाल लखनऊ और कानपुर में सक्रिय इस मॉडल को प्रदेश के सभी 75 जिलों तक पहुंचाने की योजना है। इसके तहत यात्रियों के लिए बाइक, ऑटो और कैब जैसी परिवहन सेवाएं उपलब्ध कराने का प्रस्ताव है।
इस मॉडल को केवल जिला मुख्यालयों तक सीमित नहीं रखने की योजना है, बल्कि गांवों तक भी इसकी पहुंच बनाने पर जोर दिया जा रहा है। इसके लिए प्राथमिक कृषि ऋण समितियों यानी पैक्स के नेटवर्क का इस्तेमाल किए जाने की बात कही गई है। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में अस्पताल, बाजार, रेलवे स्टेशन, बस अड्डे और जिला मुख्यालय तक आने-जाने के लिए स्थानीय परिवहन का विकल्प उपलब्ध कराया जा सकेगा।
‘भारत टैक्सी’ मॉडल में यात्रियों के लिए जीरो कमीशन और नो-सर्ज प्राइसिंग की व्यवस्था प्रस्तावित है। यानी मांग बढ़ने पर किराये में अचानक बढ़ोतरी नहीं करने का विकल्प रखा गया है। साथ ही टैक्सी चलाने वाले चालकों को कारोबार में हिस्सेदार बनाने की अवधारणा पर भी काम किया जा रहा है।
इस विस्तार से प्रदेश के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के बीच स्थानीय परिवहन कनेक्टिविटी बढ़ाने का प्रयास किया जाएगा। योजना के लागू होने के बाद अलग-अलग जिलों में इसकी सेवाओं का विस्तार किस चरण में और किस समय होगा, इसकी जानकारी संबंधित स्तर पर जारी की जाएगी।



