AI दोधारी तलवार, भारत भुना रहा डेमोग्राफिक डिविडेंड: निर्मला सीतारमण

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को एक ‘दोधारी तलवार’ बताया है। मुंबई में आयोजित Global Fintech Fest 2026 में उन्होंने कहा कि AI एक तरफ वित्तीय सेवाओं में दक्षता और बेहतर फ्रॉड डिटेक्शन की क्षमता बढ़ा रहा है, वहीं दूसरी तरफ यही तकनीक साइबर हमलों और अन्य जोखिमों को अधिक तेज और जटिल भी बना सकती है।
सीतारमण ने भारत की युवा आबादी को देश की बड़ी ताकत बताते हुए कहा कि देश अपने डेमोग्राफिक डिविडेंड का लाभ उठा रहा है। युवा प्रतिभा, तकनीकी क्षमता और उद्यमिता के मेल से भारत वैश्विक टेक्नोलॉजी और फिनटेक क्षेत्र में अपनी भूमिका लगातार मजबूत कर रहा है।
वित्त मंत्री ने AI से जुड़े जोखिमों को नजरअंदाज नहीं करने की जरूरत पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि तकनीकी विकास के साथ जिम्मेदारी, निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था को भी मजबूत करना होगा। विशेष रूप से Agentic AI जैसी तकनीकों के बढ़ते इस्तेमाल के बीच मजबूत सुरक्षा उपाय और जवाबदेही महत्वपूर्ण हो जाती है।
उन्होंने AI के सकारात्मक इस्तेमाल का उदाहरण देते हुए बताया कि यह तकनीक धोखाधड़ी की पहचान और वित्तीय सेवाओं को अधिक प्रभावी बनाने में मदद कर सकती है। लेकिन दूसरी ओर, यही तकनीक अपराधियों को अधिक उन्नत और स्वचालित साइबर हमलों के लिए सक्षम कर सकती है। इसलिए नवाचार के साथ जोखिम प्रबंधन पर भी समान रूप से ध्यान देने की जरूरत है।
Global Fintech Fest 2026 का आयोजन 8 से 11 सितंबर तक मुंबई में किया गया। इस वर्ष कार्यक्रम की थीम ‘Potential to Impact’ रखी गई, जिसमें Agentic AI, Tokenisation और Quantum जैसी उभरती तकनीकों को वित्तीय क्षेत्र के भविष्य से जोड़कर चर्चा की गई।
सीतारमण ने तकनीकी बदलावों के बीच भारत के लिए वैश्विक स्तर पर बेहतर समन्वय की जरूरत भी रेखांकित की। भारतीय टेक कंपनियों के अंतरराष्ट्रीय विस्तार के साथ अलग-अलग देशों के बदलते नियमों और नियामकीय व्यवस्थाओं से निपटना एक महत्वपूर्ण चुनौती बन रहा है।
कुल मिलाकर, वित्त मंत्री का संदेश यह रहा कि AI को अपनाने से पीछे हटना विकल्प नहीं है, लेकिन इसका इस्तेमाल जिम्मेदारी के साथ किया जाना जरूरी है। भारत के पास युवा प्रतिभा, डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर और तेजी से बढ़ता फिनटेक इकोसिस्टम है। ऐसे में सुरक्षित और जवाबदेह तकनीकी विकास के जरिए देश अपने डेमोग्राफिक डिविडेंड को वैश्विक अवसर में बदल सकता है।




